19 से 26 जनवरी के बीच बदलेगा उत्तर भारत का मिजाज; एक के बाद एक तीन पश्चिमी विक्षोभ देंगे दस्तक, पहाड़ों पर भारी हिमपात के आसार
उत्तर भारत के मौसम में एक बार फिर बड़ा उलटफेर होने जा रहा है। स्काईमेट वेदर के मुख्य मौसम विशेषज्ञ महेश पालावत जी के अनुसार, अगले एक सप्ताह (19 से 26 जनवरी) के दौरान मौसम की गतिविधियों में भारी उथल-पुथल देखने को मिलेगी। राहत की बात यह है कि पिछले कई दिनों से उत्तर भारत को अपनी चपेट में लेने वाली भीषण शीत लहर अब कमजोर पड़ रही है। दिल्ली, हिसार और चूरू जैसे इलाकों में न्यूनतम तापमान में 4 से 5 डिग्री सेल्सियस तक की बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जिससे कड़ाके की सर्दी से लोगों को कुछ राहत मिली है।
पश्चिमी विक्षोभ की तिकड़ी और मैदानी राज्यों में बारिश का पूर्वानुमान
किसान भाइयों के लिए आने वाले दिन बारिश के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण साबित होने वाले हैं। मौसम विभाग के अनुसार, तीन लगातार पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbances) पहाड़ों की ओर बढ़ रहे हैं। वर्तमान में पहला विक्षोभ सक्रिय है, लेकिन असली असर 22 और 23 जनवरी को दिखाई देगा। इस दौरान अरब सागर और बंगाल की खाड़ी, दोनों तरफ से आने वाली नमी के कारण पंजाब, हरियाणा, राजस्थान और दिल्ली-एनसीआर में बारिश की प्रबल संभावना है। 22 जनवरी को अमृतसर, जालंधर, करनाल, कुरुक्षेत्र और दिल्ली के आसपास के क्षेत्रों में मेघ बरस सकते हैं।















